Akhlaque Bandvi

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Akhlaque Bandvi shayari collection includes sher, ghazal and nazm available in Hindi and English. Dive in Akhlaque Bandvi's shayari and don't forget to save your favorite ones.

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  • Ghazal
यहाँभीतूहैवहाँभीतूहैकहाँनहींहैकिधरनहींहै
फिरभीदेखेजोतेराजल्वावोशख़्सअहल-ए-नज़रनहींहै
वोकअ'र-ए-दरियाहोयाकिनाराहरएकजामैंनेछानमारा
मिज़ापेलर्ज़ांसरिश्कजैसाकहींभीकोईगुहरनहींहै
बदनअगरचेजवाँजवाँहैरगोंकेअंदरलहूरवाँहै
फ़ुज़ूलसबहैजोबहर-ए-दिलमेंज़ुहूर-ए-मद्द-ओ-जज़रनहींहै
हुज़ूरचलिएसँभलसँभलकेक़दमज़राऔरहल्केहल्के
ख़यालरखिएयेमेरादिलहैयेआपकीरहगुज़रनहींहै
गईबहारोंकेरागछेड़ोख़िज़ाँरुतोंकीपरतउधेड़ो
तुम्हारीबज़्म-ए-तरबमेंसाक़ीअभीमिरीचश्म-ए-तरनहींहै
मैंअपनाहरकामअपनीहदमेंबड़ेतयक़्क़ुनसेकररहाहूँ
मिरीलुग़तकेकिसीवरक़परअगरनहींहैमगरनहीं
अभीतलकउसकेरू-ए-ज़ेबापेमेरीनज़रेंटिकीहुईहैं
उसेभीहैयेगुमान-ए-ग़ालिबकिआइनेकोख़बरनहींहै
जोबद-चलनथाज़मानेभरकावहीफ़ज़ीलत-मआ'बठहरा
उसीकोदस्तारदीगईहैकिजिसकेशानेपेसरनहींहै
कभीजोघरसेसफ़रपेनिकलोयेबातक़िर्तास-ए-दिलपेलिखलो
किहरशरीक-ए-सफ़रहमाराहक़ीक़तनहम-सफ़रनहींहै
इसीमें'अख़लाक़'उम्रभरकीमसाफ़तोंकाहैराज़पिन्हाँ
येएकलम्हाजोवस्लकाहैयेसाअ'त-ए-मुख़्तसरनहींहै
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Akhlaque Bandvi
शामतकऐसाथकनसेचूरहोजाताहूँमैं
जिस्मसेबानू-ए-शबकाफ़ूरहोजाताहूँमैं
तेरेजल्वोंसेकभीजबदूरहोजाताहूँमैं
अपनीआँखोंकेलिएबे-नूरहोजाताहूँमैं
लोगहोजातेहैंवामिक़लोगहोजातेहैंक़ैस
इंतिहा-ए-इश्क़मेंमंसूरहोजाताहूँमैं
चाहतातोहूँकरूँँख़ल्क़-ए-जहाँपरग़ौर-ओ-ख़ौज़
दर-गुज़ररब्ब-ए-कुलमसहूरहोजाताहूँमैं
जबभीसुनताहूँज़बान-ए-ग़ैरसेअपनीसिफ़ात
सचकहूँथोड़ाबहुतमग़रूरहोजाताहूँमैं
मेरीआँखेंकररहीहोतीहैंजबदीदार-ए-यार
अपनेपैकरमेंसरापातूरहोजाताहूँमैं
शहरमेंसाहिबबनाफिरताहूँकिसकिसरंगसे
गाँवजाकरफिरवहीमज़दूरहोजाताहूँमैं
मिलहीजातीहैहिसार-ए-दर्दसेमुझकोनजात
फिरहिसार-ए-दर्दमेंमहसूरहोजाताहूँमैं
आदमी'अख़लाक़'मैंअच्छाहूँइसमेंशकनहीं
हाँकभीहालातसेमजबूरहोजाताहूँमैं
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