kabhi sar pe chadhe kabhi sar se guzre kabhi paanv aan gire dariyaa | कभी सर पे चढ़े कभी सर से गुज़रे कभी पाँव आन गिरे दरिया

  - Ali Akbar Abbas
कभीसरपेचढ़ेकभीसरसेगुज़रेकभीपाँवआनगिरेदरिया
कभीमुझेबहाकरलेजाएकभीमुझमेंआनबहेदरिया
गाताहूँमेरेसुरमेंसुरमिलजाएउसकीलहरोंका
मेरीआँखमेंआँसूदेखेतोफिरअपनीआँखभरेदरिया
मैंअपनीउसेसुनाताहूँवोअपनीमुझेसुनाताहै
मैंचुपतोवोभीचुपहैऔरमैंकहूँतोबातकहेदरिया
कहींबर्फ़लपेटेबैठाहैकहींरेतबिछाकरलेटाहै
कभीजंगलमेंडेराडालेकभीबस्तीआनबसेदरिया
दरिया!तेरापाटबड़ा,दरिया!तेराज़ोरबड़ा
दरिया!गुमहोकरतुझमेंक़तरेकानामपड़ेदरिया
शाएर!तेरादर्दबड़ाशाएर!तेरीसोचबड़ी
शाएर!तेरेसीनेमेंइसजैसालाखबहेदरिया
  - Ali Akbar Abbas
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy