Tabassum Kashmiri

Tabassum Kashmiri

@tabassum-kashmiri

Tabassum Kashmiri shayari collection includes sher, ghazal and nazm available in Hindi and English. Dive in Tabassum Kashmiri's shayari and don't forget to save your favorite ones.

Followers

1

Content

16

Likes

0

Shayari
Audios
  • Nazm
मैंनेज़मींकीतपतीरगोंपेहाथधरेहैं
मैंनेज़मींकीतपतीरगोंसे
तपतेलहूकोउबलतेदेखाहै
उनरस्तोंपेउनगलियोंपे
पत्थरजैसीसख़्तहवाके
सुर्ख़धमाकेदेखेहैं
रातकीमुतवर्रिमघड़ियोंमें
ज़र्दमकानोंकेसेहनोंमें
लहूकोगिरतेदेखाहै
क़तराक़तराक़तरा
क़तराक़तराबनतेबनतेएकसमुंदर
इकबे-पायाँतपतासुर्ख़समुंदर
ज़र्दमकानोंकीरगरगमें
तपतासुर्ख़समुंदर
उनगलियोंकीबूढ़ीछालपेइफ़्रीतोंकेहमले
तपतीज़मींकेसातवींतलवेतकलहरातीअंधीचीख़ें
कितनीहीज़ालिमसदियोंसे
अंधीचीख़ेंमेरेतपतेजिस्मकेजलतेख़लियों
ज़र्दमसामोंकेदर्रोंमेंभटकरहीहैं
चीख़ेंमेरेजिस्मकीइकइकरगमेंयूरिशकरतीहैं
नफ़रतकातीखालशकाराजिस्मकोकाटतारहताहै
जिसकेअंदरजिस्मकेबाहर
ख़ूनकाअंधालावाबहतारहताहै
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
वादीकीसबसेलंबीलड़कीकेजिस्मकेसबमसामोंसे
रेशमसेज़्यादामुलाएमऔरनर्मख़मोशीमें
घंटियोंकीआवाज़ेंरहीथीं
बरखाकीउसनम-ज़दारातमें
जबउसकेजिस्मपेक़ौस-ए-क़ुज़हचमकी
तोघंटियाँतेज़तेज़बजनेलगीं
मिरेकानोंमेंआहटेंरहीथीं
धुँदसेभीनर्मऔरमुलाएमबादलोंकीदबेपाँवआहटें
वोजबरेशमकेकच्चेतारोंसेबनीहुई
रातकेफ़र्शपरलेटी
तोक़ौस-ए-क़ुज़हऔरभीशोख़औरगर्मरंगोंमेंढलनेलगी
वोसैंकड़ोंरंगोंसेमुरत्तब-शुदालड़की
रातगएतकगर्मरंगोंमेंपिघलतीगई
सुब्हहोनेपरसूरजकीपहलीकिरन
रौज़नसेकमरेमेंदाख़िलहुई
तोउसकेजिस्मसे
रातकीख़्वाबीदाघंटियोंकीआवाज़ेंसुनकर
औरउसकेजिस्मपेसोएहुएगर्मरंगोंकोदेखकर
एकदमशरमागई
वादीकीसबसेलंबीलड़की
धुँदसेभीनर्मऔररेशमसेमुलाएम
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
ज़वालकेआसमानोंमेंलड़खड़ाते
अँधेरेख़लाओंकीदुनियाओंमेंमुअ'ल्लक़होते
अँधेरेशहरोंकेबुर्जोंकीगुमनामफ़सीलोंपरगिरते
तशद्दुदसेआबादइंसानीबस्तियोंकेचेहरोंसेलिपटते
औरइंसानीवजूदकीधज्जियाँदेखकरचीख़तेरोते
कितनेहज़ारसालबीतगएहैं
कितनेहज़ारसालोंसेज़वालकीचीख़ोंकोसुनतेसुनते
साअतेंथकगईहैं
साअतेंअज़-बसथकगईहैं
जलीहुईइशतिहाओंकीक़ौसें
ज़ाइचोंकेहुरूफ़देखतेदेखतेदमतोड़चुकीहैं
ख़्वाहिशोंकेबे-पायाँहुजूम
हसरतोंकीसुर्ख़मेहराबोंकेनीचे
सदियोंकीदबीज़गर्दकेअंदरधँसतेचलेगएहैं
ख़ाकिस्तरीअय्यामकीमुतवर्रिमधूलमें
बे-अंतमुतलाहटोंकेवारसहतेसहते
सबकुछमदफ़ूनहोगयाहै
मगरअबयेज़वालकीआख़िरीचीख़है
साहिलोंपरपरिंदोंकेनएक़ाफ़िलोंकाशोरहै
औरबादबानोंपेसुर्ख़रंगोंकीफड़फड़ाहट
गुम-गश्ताशहरोंकीबे-आबादफ़सीलोंकेबुर्जोंपर
हमज़वालकीआख़िरीसाअ'तोंकी
आख़िरीहिचकियाँसुनरहेहैं
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
मुझेलगताहै
ज़मीनकेकिसीगुमनाममंतक़ेमें
हमकभीसाथसाथरहतेथे
मुझेअबतुम्हारानामयादनहीं
तुम्हारीशक्लभीयादनहीं
मगरयेलगताहै
किशायदकईसदियाँपहले
किसीपिछलेजन्मकीसीढ़ियोंपर
हमसाथसाथबैठतेथे
वोसीढ़ियाँकहाँथीं
औरपिछ्लाजन्मकहाँहुआथा
मुझेतोयादनहीं
शायदतुमकोभीयादहोगा
हाँबसइतनायादहै
एकछोटेसेघरमें
हमसर-ए-शामदेवताकेलिएदिएजलातेथे
औरदियोंकेक़रीबएकपंछीरहताथा
जोबादलबरखाऔरधूपकेगीतगाताथा
गीतसुनतेसुनते
औरदिएबुझनेसेपहलेही
हमनमदोंपरसोजातेथे
औरफिरहमदोनोंमिलकर
एकजैसाकोईख़्वाबदेखतेथे
बहुतसेतालाबोंजंगलों
औरबाग़ोंकाख़्वाब
सुब्ह-दमअँगनाईमेंसूरजउतरआताथा
पंछीपेड़ोंपर
औरएकबादलछतपरबैठजाताथा
फिरहमचौखटपरबैठकर
रंगोंकीबाज़गश्तेंसुनतेहुए
एकतालाबकोदेखतेरहतेथे
मुझेलगताहैयेहमहीथे
जोतालाबकीतरफ़देखतेऔरबाज़गश्तेंसुनतेथे
हाँशायदहमहीथे
अबयेयादनहींउससमयहमारेनामक्याथे
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
छटीबारजबमैंनेदरवाज़ाखोला
तोइकचीख़मेरेबदनकेमसामोंसेचिमटी
बदनकेअँधेरोंमेंउतरी
मिराजिस्मउसचीख़केतुंदपंजोंसेझुलसीहुई
बे-कराँचीख़था
मैंलरज़ताहुआकोहनागुम्बदसेनिकला
औरचीख़मेरेबदनसेसियाहघासकीतरहनिकली
बदनकेकरोड़ोंमसामोंकेमुँहपर
सियाहचीख़कासुर्ख़जंगलउगाथा
कोईचीख़अबभीउभरतीथीजिससे
गुम्बदकेदीवार-ओ-दरकाँपतेथे
कोईशयदिखाईनहींदेरहीथी
फ़क़तइकधुआँथा
जोगुम्बदकेसूराख़सेअपनेपाँवनिकाले
हवाओंकेबे-दाग़सीनोंसेचिमटाहुआथा
सातवींबारफिरमैंनेदरवाज़ाखोला
तोमेरेलहूकीहरइकबूँदमें
सातवींबारफिरसरसरातीहुईचीख़गुज़री
मैंनेदेखाकिगुम्बदमेंमैलीज़मींपर
नज़्अ'कीहालतमेंइकलाशहै
जिसनेअबसातवींबारमेरेबदनमें
सातवींचीख़कागर्मलावाउतारा
येज़वालकीआख़िरीसर्दचीख़ोंकीइकचीख़थी
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
हमशोरीदाकड़वेतल्ख़कसीलेज़ाइक़े
रातकीपुर-शहवतआँखोंसेटपकेताज़ाक़तरे
शामकेकालेसियाहमाथेकीनंगीमख़रूतीख़ारिश
दोपहरोंकेजलतेगोश्तकीतेज़बिसांद
रातकीकालीरानसेबहताअंधालावा
ख़लीजकीगहराईसेबाहरआता
क़दमक़दमपरख़ौफ़तबाहीदहशतपैदाकरता
बिखररहाहै
रातोंकीसय्यालमलामतअपनीलंबीज़ुल्फ़बिखेरे
कड़वेमौसमकेजश्नोंमेंनाचरहीहै
कड़वेतल्ख़कसीलेज़ाइक़ोंकेइनजश्नोंमें
गर्दनतकमैंपिघलगयाहूँ
माथेपरइनशोरीदाजश्नोंकीमोहरेंसब्तहुईहैं
कड़वेज़ाइक़ेजोंकेंबनकरतालूसेअबचिमटगएहैं
तेज़औरतुंदतेज़ाबीसूरज
हाँपतेऔरकराहतेसर्दमकानोंकीमुतवर्रिमचीख़ें
मुतवर्रिमसाँसोंमेंसुर्ख़तशद्दुदकीचीख़ें
मेरेकानमेंसुर्ख़तशद्दुदकीचीख़ोंकी
छावनियाँआबादहुईहैं
हमशोरीदाकड़वेतल्ख़कसीलेज़ाइक़े
नौ-ज़ाइदाशहरोंकेमुँहपे
क़तराक़तराटपकरहेहैं
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
अगरमुझसेमिलनाहैआओमिलोतुम
मगरयादरखना
मैंइक़रारकीमंज़िलेंरास्तेहीमेंछोड़आयाहूँ
अबमुझसेमिलनाहैतुमकोतोइंकारकीसरहदोंपेमिलो
झींगुरोंमकड़ियोंकेजनाज़े
मैंरस्तेपेछोड़आयाहूँ
पुरानीकथाएँमुझेखींचतीहैं
ज़मींकाज़वालआजज़ंजीर-ए-पाबनरहाहै
ख़स-ओ-ख़ाककेसारेरिश्ते
मैंनेहरशयकोअबतजदियाहै
कोईमा'ज़रतभीनहींहै
किमैंमा'ज़रतकेसभीझूटेलफ़्ज़ोंको
अपनीलुग़तसेनिकालआयाहूँ
मैंइंकारकेआसमानोंपेफिरताहुआ
मैंइंकारकाविर्दकरताहुआ
मैंज़मीनोंपेऔरआसमानोंकीहरशयपे
इंकारकीसुर्ख़मोहरेंलगाताहुआ
औरदमा-दमकीइकथापपे
मैंनेसातोंज़मीनोंकेसातोंतबक़आजरौशनकिएहैं
देखनाआसमाँरक़्सकरनेलगाहै
ज़मीनोंकेसारेख़ज़ानेउबलनेलगेहैं
सारेदफ़ीनेजड़ोंसेउखड़कर
मिरेसामनेहाथबाँधेखड़ेहैं
मेरीआवाज़परमछलियाँपानियोंसेनिकलआईहैं
आजअर्ज़-ओ-समावातकीसारीपोशीदाख़बरेंमैंसुननेलगाहूँ
मैंख़ुशहूँमुझेआगहीमिलगईहै
बदनकेमसामोंसेअबआगहीशो'लाबनकरचमकनेलगीहै
अजबकश्फ़कीरौशनीहै
ज़मींअपनीसत्हसेपातालतकरौशनीमेंनहाकर
शब-ए-अव्वलींकीदुल्हनकीतरहआजशर्मारहीहै
ताज़ाहवाओंकीदोशीज़गीसातरंगोंमेंबरहनाहुईहै
हयाओंकीसुर्ख़ीसेचेहराकँवलहै
किमेरीदुल्हनकाबदनफूलहै
वोहवाओंकेरंगोंमेंडूबीहुईहै
हवाओंकीदोशीज़गीसातरंगोंमेंबरहनाहुईहै
हरइकशयनक़ाबअपनाउल्टेहुएहै
सभीभेदअपनीज़बानेंनिकालेमिरेसामनेगएहैं
किताबोंकेऔराक़ख़ुदबोलतेहैं
ज़मींआसमाँकीहरइकशय
समुंदरहवाएँज़मीनोंकीसतहें
सत्होंकेनीचेसदियोंकेचेहरे
पहाड़ोंकीबर्फ़ेंबर्फ़ोंकेशोरीदापानी
सदियोंकेप्यासेसमुंदरकेसाहिलदरख़्तोंकेपत्ते
फूलोंकेचेहरेऔररोज़-ओ-शबकेसफ़ेद-ओ-सियाहसिलसिले
हरइकशयमुझेअपनेभेदोंसेअसरारसे
आश्नाकररहीहै
अजबआशनाईकीलज़्ज़तमिलीहै
मैंइसआशनाईकीलज़्ज़तसेसरशारहोकर
मुक़द्दसज़मींकेपुरानेदुखोंकोगलेसेलगाकर
मैंइक़रारकीमंज़िलेंरास्तेहीमेंछोड़आयाहूँ
मैंसारीपुरानीकथाएँजलाकर
फ़क़तइकदमा-दमकीआवाज़पररक़्सकरताहुआ
मैंइक़रारकीसरहदोंसेपरेगयाहूँ
अबमुझसेमिलनाहैतुमको
तोआओमिलो
मगरयादरखना
मैंइक़रारकीदुश्मनीपरउतरआयाहूँ
अबमैंइंकारकीसरहदोंपेमिलूँगा
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
जिसरोज़धूपनिकली
औरलोगअपनेअपने
ठंडेघरोंसेबाहर
हाथोंमेंडाले
सूरजकीसम्तनिकले
उसरोज़तुमकहाँथे
जिसरोज़धूपनिकली
औरफूलभीखुलेथे
थेसब्ज़बाग़रौशन
अश्जारख़ुशहुएथे
पत्तोंकीसब्ज़ख़ुशबू
जबसबघरोंमेंआई
उसरोज़तुमकहाँथे
जिसरोज़आसमाँपर
मंज़रचमकरहेथे
सूरजकीसीढ़ियोंपर
उड़तेथेढेरोंपंछी
औरसाफ़घाटियोंपर
कुछफूलभीखुलेथे
उसरोज़तुमकहाँथे
जिसरोज़धूपचमकी
औरफ़ाख़्तातुम्हारे
घरकीछतोंपेबोली
फिरमंदिरोंमेंआईं
ख़ुशबूभरीहवाएँ
औरनन्हे-मुन्नेबच्चे
तबआँगनोंमेंखेले
उसरोज़तुमकहाँथे
जिसरोज़धूपनिकली
जिसरोज़धूपनिकली
औरअलगनीपेडाले
कुछसूखनेकोकपड़े
जबअपनेघरकीछतपे
ख़ामोशमैंखड़ाथा
तन्हाउदासबेलें
औरदोपहरकेपंछी
कुछमुझसेपूछतेथे
उसरोज़तुमकहाँथे
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes
रातभरकुत्ताउसकेपेटमेंभौंकरहाथा
कैसीकैसीआवाज़ेंथीं
भौंभौंभौंभौं
वूँवूँवूँवूँ
साराकमराउसकीपागलआवाज़ोंसे
वूँवूँकरताहाँपरहाथा
गज़-भरलंबीसुर्ख़ज़बाँभी
उसकेहल्क़सेनिकलरहीथी
रालेंमुँहसेटपकरहीथीं
हिलतेकानऔरहिलतीदुमसे
कुत्ताभौंभौंभौंभौंकरता
उसकेपेटमेंभौंकरहाथा
वोसोयाथागहरीनींदमें
कुत्तासूँघकेगोश्तकीख़ुशबू
ख़्वाबसेयक-दमजागउठाथा
दिननिकलाथा
ए-के-शैख़अबभूरेसूटकेअंदरबंदथा
ज़रकीमेहराबोंकेनीचे
लम्हालम्हादौड़रहाथा
उसकेबातिनऔरख़ारिजमें
ज़र्दजहन्नमगर्महुआथा
रातआईहैए-के-शैख़अबघरआयाहै
कुत्ताउसकेपेटमेंफिरसेभौंकपड़ेगा
रातभरउसकेटूटतेजिस्मपे
कुत्ताअपनीदुमकोहिलाता
इसकोनेसेउसकोनेतक
भौंकभौंककरग़ुर्राएगा
मुँहसेरालेंटपकाएगा
कुत्तासूँघकेगोश्तकीख़ुशबू
जिस्मकीदीवारोंकेऊपर
दौड़दौड़केथकजाएगासोजाएगा
दिननिकलाहै
ए-के-शैख़अबनीलेसूटकेअंदरबंदहै
ए-के-शैख़अबकार-गहोंकीछतकेनीचे
पूरेज़ोरसेचीख़रहाहै
ए-के-शैख़केपूरेजिस्मपे
ज़र्दजहन्नमफैलरहाहै
ज़रकीमेहराबोंकेनीचे
कज-बातिनऔरपागलकुत्तादौड़रहाहै
Read Full
Tabassum Kashmiri
Share
0 Likes