अहबाबमिरेदर्दसेकुछबे-ख़बरनथे
येऔरबातहैवोकोईचारा-गरनथे
ताक़तथीजबबदनमेंतोदरवाज़ाबंदथा
जबदरखुलाक़फ़सकामिरेबाल-ओ-परनथे
अंजानहमथेराहसेमंज़िलभीदूरथी
अच्छाहुआकिआपशरीक-ए-सफ़रनथे
इसवास्तेभीमुझकोतिराग़मअज़ीज़है
जितनेभीग़ममिलेवोग़ममो'तबरनथे
तारीकरातकाथासफ़रराहपुर-ख़तर
रौशनकहींचराग़सर-ए-रहगुज़रनथे
वोदिनभीक्याथेदिलमेंतमन्नानथीकोई
तकमील-ए-आरज़ूकेलिएदर-ब-दरनथे
सैलाब-ओ-ज़लज़लेमेंहुएकितनेघरतबाह
वोलोगबे-नियाज़रहेजिनकेघरनथे
कुछलोगमिलगएथेयूँँहीराहमेंमुझे
जोमेरेसाथसाथथेवोहम-सफ़रनथे
सबनेमिराकलामपढ़ालेकिनऐ'सईद'
जोमेरेनाक़िदीनथेवोदीदा-वरनथे