hum-safar hai na ham-nava koi | हम-सफ़र है न हम-नवा कोई

  - Panna Lal Noor
हम-सफ़रहैहम-नवाकोई
होगाहमसाशिकस्ता-पाकोई
इकनज़रक्यामिलागयाकोई
इकक़यामतउठागयाकोई
देखोनज़रेंचुराकेमतजाओ
तुमकोकहदेबे-वफ़ाकोई
दर्ददेतेहोदोमगरऐसा
जिसकीफिरहोइंतिहाकोई
जिसरह-ए-इश्क़परचलाहूँमैं
इब्तिदाहैइंतिहाकोई
सरतोख़ुदझुकगयाहैसज्देमें
जबतसव्वुरमेंगयाकोई
मुझकोसज्दोंसेकुछगुरेज़नहीं
होजाएमगरख़ुदाकोई
मैंबताऊँगामंज़िलोंकापता
मुझसेपूछेतोरास्ताकोई
  - Panna Lal Noor
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