nasheb-e-hijr men din ikhtitaam karte hue | नशेब-ए-हिज्र में दिन इख़्तिताम करते हुए

  - Naeem Gilani
नशेब-ए-हिज्रमेंदिनइख़्तितामकरतेहुए
मैंख़ुदमेंडूबताजाताथाशामकरतेहुए
हरएकलहरहैअपनेइसीबहाओमें
मैंथकगयातिरेदरियाकोरामकरतेहुए
बरसपड़ाजोकिसीरोज़मुझपेअक्समिरा
दरून-ए-आइना-ए-ख़ानाक़यामकरतेहुए
मिरेसुकूतकोदोहरानेवालेयेदर-ओ-बाम
सुनाईदेनेलगेहैंकलामकरतेहुए
तमाम-उम्रतिरीरहगुज़रपेबैठरहा
मिराग़ुबारतिराएहतिरामकरतेहुए
येख़ामुशीहैतोरुकिएबग़ौरसुनतेहुए
सुख़नवरीहैतोचलिएतमामकरतेहुए
गुरेज़-पाईकीहदसेगुज़रगयाथावोशख़्स
'नईम'दूरसेमुझकोसलामकरतेहुए
  - Naeem Gilani
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