rahe hamaare li.e shaghl yaa koi na koi | रहे हमारे लिए शग़्ल याँ कोई न कोई

  - Faheem Gorakhpuri
रहेहमारेलिएशग़्लयाँकोईकोई
दयाकरेहमेंग़मआसमाँकोईकोई
अबइसमेंहज़रत-ए-ज़ाहिदहोंयाबरहमनहो
बुतोंकीचूमताहैआस्ताँकोईकोई
कभीउठातेहैंदिलपरकभीजिगरपरदाग़
खुलाहीरखतेहैंहमबोस्ताँकोईकोई
बुरासमझमिरेआ'मालकोवाइज़
हैइसमताअ'काभीक़द्र-दाँकोईकोई
जोडगमगाएलहदपरमिरीतोफ़रमाया
ज़रूरदफ़्नहैबेताबयाँकोईकोई
अबइसमेंहोदिल-ए-बेताबयाहोदीदा-ए-तर
करेगाराज़-ए-मोहब्बतअयाँकोईकोई
कभीहैटीसजिगरमेंकभीहैदिलमेंदर्द
शब-ए-फ़िराक़हैआज़ार-ए-जाँकोईकोई
हमारीआताशरर-बारहोकिनाला-ए-गर
जलाएगातुझेआसमाँकोईकोई
वोख़ुदहीआएँगेअबयामुझेबुलाएँगे
असरदिखाएगीआह-ओ-फ़ुग़ाँकोईकोई
'फहीम'वस्लकाअरमाँहोयाकिहिज्रकाग़म
हमारेदिलमेंरहामेहमाँकोईकोई
  - Faheem Gorakhpuri
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