क्याकोईसमझेमिरेहालातजबकहताहूँमैं
इकमुसलसलरौशनीकेसाएमेंरहताहूँमैं
जबहवाचलतीहैउड़ताहूँमुख़ालिफ़सम्तमें
औरजबथमजाएतबअपनीतरफ़बहताहूँमैं
तेरेमेरेलहजेकायेफ़र्क़कितनासाफ़है
तूमुझेकहतीहैतूऔरमैंतुझेकहताहूँमैं
आपसेमैंख़ुशहूँतोयेआपपरएहसानहै
इकअज़िय्यतहैख़ुशीभीहँसकेजोसहताहूँमैं
शामकेढलनेसेपहलेमैंकभीपीतानहीं
येभीसचहैदोपहरसतिश्ना-लबरहताहूँमैं
कूज़ा-गरयेसोचताहैयेउसीकाकामहै
इससलीक़ेसेकभीबनताकभीढहताहूँमैं