ab ye hogaa shaayad apni aag men KHud jal jaayenge | अब ये होगा शायद अपनी आग में ख़ुद जल जाएँगे

  - Ahmad Hamdani
अबयेहोगाशायदअपनीआगमेंख़ुदजलजाएँगे
तुमसेदूरबहुतरहकरभीक्यापायाक्यापाएँगे
दुखभीसच्चेसुखभीसच्चेफिरभीतेरीचाहतमें
हमनेकितनेधोकेखाएकितनेधोकेखाएँगे
कलकेदुखभीकौनसेबाक़ीआजकेदुखभीकैदिनके
जैसेदिनपहलेकाटेथेयेदिनभीकटजाएँगे
अक़्लपेहमकोनाज़बहुतथालेकिनयेकबसोचाथाइश्क़केहाथोंयेभीहोगालोगहमेंसमझाएँगे
आँखोंसेओझलहोनाक्यादिलसेओझलहोनाहै
तुझसेछुटकरभीअहल-ए-ग़मक्यातुझसेछुटजाएँगे
हमसेआबला-पाजबतन्हाघबराएँगेसहरामें
रास्तेसबतेरेहीघरकीजानिबकोमुड़जाएँगे
  - Ahmad Hamdani
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