awwal vahii sairaab tha saani bhi vahii tha | अव्वल वही सैराब था सानी भी वही था

  - Tafzeel Ahmad
अव्वलवहीसैराबथासानीभीवहीथा
पत्थरसेगुज़रताहुआपानीभीवहीथा
नौ-ख़ेज़दु'आओंकाशजर-कारभीनिकला
बोसीदातमन्नाओंकाबानीभीवहीथा
आँखोंपेजोरखतारहारूमाल-ए-तसल्ली
नम-दीदा-गर-ए-नक़्ल-ए-मकानीभीवहीथा
आयात-ए-इरादापेवहीनूरकीउँगली
औराक़-ए-सियह-तरकागियानीभीवहीथा
कौकबसादमकताथाधुएँमेंगुल-ए-शीशा
अर्ज़ंगबिछाएहुएमानीभीवहीथा
'तफ़ज़ील'थाइकआमद-ओ-इलहामकाशाइ'र
बाक़ीवहीउर्दूमेंहैफ़ानीभीवहीथा
  - Tafzeel Ahmad
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