दयार-ए-दिलकीरातमेंचराग़साजलागया
मिलानहींतोक्याहुआवोशक्लतोदिखागया
वोदोस्तीतोख़ैरअबनसीब-ए-दुश्मनाँहुई
वोछोटीछोटीरंजिशोंकालुत्फ़भीचलागया
जुदाइयोंकेज़ख़्मदर्द-ए-ज़िंदगीनेभरदिए
तुझेभीनींदआगईमुझेभीसब्रआगया
पुकारतीहैंफ़ुर्सतेंकहाँगईंवोसोहबतें
ज़मींनिगलगईउन्हेंकिआसमानखागया
येसुब्हकीसफ़ेदियाँयेदोपहरकीज़र्दियाँ
अबआइनेमेंदेखताहूँमैंकहाँचलागया
येकिसख़ुशीकीरेतपरग़मोंकोनींदआगई
वोलहरकिसतरफ़गईयेमैंकहाँसमागया
गएदिनोंकीलाशपरपड़ेरहोगेकबतलक
अलम-कशोउठोकिआफ़्ताबसरपेआगया