naam likha liya to phir karte ho h | नाम लिखा लिया तो फिर करते हो हाए हाए क्यूँ

  - Kaif Ahmad Siddiqui
नामलिखालियातोफिरकरतेहोहाएहाएक्यूँ
पढ़नाथातुम्हेंअगरदर्जेमेंपढ़नेआएक्यूँ
क्यूँँकरहमइम्तिहानदेंसोएँगेजाकेबाग़में
पढ़नेकोआधीराततककोईहमेंजगाएक्यूँ
बैठेहैंअपनीसीटपरकैसेभगाएँमास्टर
आएहैंदेकेफ़ीसहमकोईहमेंभगाएक्यूँ
चीख़ेंगेख़ूबहमयहाँचाहेख़फ़ाहोंमेहमाँ
नफ़रतहोजिसकोशोरसेघरमेंहमारेआएक्यूँ
कोईपड़ोसीतंगहोचाहेकिसीसेजंगहो
घरहैयेअपनेबापकाकोईहमेंचुपाएक्यूँ
कानाख़ुदानेकरदियाइसमेंहैअपनीक्याख़ता
गालीबकेंगेख़ूबहमकोईहमेंचिड़ाएक्यूँ
देखोतोपेटबनगयाआख़िरग़ुबारागैसका
खातेहोइतनागोश्तक्यूँपीतेहोइतनीचायक्यूँ
साथीहोंयाअसातिज़ाआएकिसीकोक्यामज़ा
दर्जेमेंकोईबे-महल'कैफ़'कीग़ज़लेंगाएक्यूँ
  - Kaif Ahmad Siddiqui
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy