छोड़देकर्ब-ए-अनामौजा-ए-पुर-ख़मबनना
ज़िंदगीसीखगईगेसू-ए-बरहमबनना
क्याकोईऔरतसर्रुफ़नथाउसकामुमकिन
कैसीमिट्टीकेमुक़द्दरमेंथाआदमबनना
हाँख़मीरएकहीदरकारहैदोनोंकेलिए
चश्म-ए-जानाँहोकिपैमाना-ए-ज़मज़मबनना
मुद्दईमरहम-ए-हर-ज़ख़्मकेहोनेवाले
आगयारासतुझेक्याग़म-ए-आलमबनना
हरसँवरतीहुईतक़दीरहैमाथेपेशिकन
हरउभरतीहुईतस्वीरकोमुबहमबनना
औरभीदहकेरहोदहकेरहोदहकेरहो
आहीजाएगाकभीफूलपेशबनमबनना
क्यूँमुझेयाददिलाताहैअज़लकेदिनकी
मेरीसूरतकातिरेज़ेहनमेंकम-कमबनना
हरतबस्सुमरहामरहून-ए-फ़ुग़ाँका'हैरत'
हरमसर्रतकोपड़ाबार-गह-ए-ग़मबनना