kahii subh-o-shaam ke darmiyaañ kahii maah-o-saal ke darmiyaañ | कहीं सुब्ह-ओ-शाम के दरमियाँ कहीं माह-ओ-साल के दरमियाँ

  - Badr-e-Alam Khalish
कहींसुब्ह-ओ-शामकेदरमियाँकहींमाह-ओ-सालकेदरमियाँ
येमिरेवजूदकीसल्तनतहैअजबज़वालकेदरमियाँ
अभीसेहन-ए-जाँमेंबिछीहुईजोबहारहैउसेक्याकहूँ
मैंकिसीइ'ताबकीज़दमेंहूँतूकिसीमलालकेदरमियाँ
हैंकिसीइशारेकेमुंतज़िरकईशहसवारखड़ेहुए
किहोगर्मफिरकोईमा'रकामिरेज़ब्त-ए-हालकेदरमियाँ
नहींतर्जुमान-ए-बयाँकोईजोहैपर्दा-दार-ए-सुकूतहै
हैंयेदाग़दाग़इबारतेंबड़ेएहतिमालकेदरमियाँ
यहाँज़र्राज़र्राहैदीदा-वरनहींज़र्राभरकोईबे-ख़बर
किसीकम-नज़रकोपड़ीहैक्यापड़ेक्यूँँसवालकेदरमियाँ
रहाधुआँहैकोईबूलोअबगएवोसुराग़-जू
हैहरइकनिगाहगुरेज़-ख़ूपस-ए-इश्तिआ'लकेदरमियाँ
थेजोपर-कुशाहैंज़ुबूँज़ुबूँथेजोसर-ब-कफ़हुएसर-निगूँ
कहींखोगएदरूँदरूँयेकिसइन्द्र-जालकेदरमियाँ
लगीज़र्बऐसीहैबर-महलकियेमरहलाभीहैजाँ-गुसिल
हुएज़ख़्मफिरसेलहूलहूथेजोइंदिमालकेदरमियाँ
कभीशिकवा-ज़नकभीनुक्ता-चींकभीबाग़ियोंकाहिमायती
ये'ख़लिश'हैकौनकहोउसेरहेए'तिदालकेदरमियाँ
  - Badr-e-Alam Khalish
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