aasmaañ par kaale baadal chha ga.e | आसमाँ पर काले बादल छा गए

  - Badr-e-Alam Khalish
आसमाँपरकालेबादलछागए
घरकेअंदरआइनेधुँदलागए
क्याग़ज़बहैएकभीकोयलनहीं
सबबग़ीचेआमकेमंजरागए
घटतेबढ़तेफ़ासलोंकेदरमियाँ
दफ़अ'तनदोरास्तेबलखागए
डूबताहैकेसूरजउनकेपास
वोदरीचेमेरेदिलकोभागए
शहरक्यादुनियाबदलकरदेखलो
फिरकहोगेहमतोअबउकतागए
सामनेथाबे-रुख़ीकाआसमाँ
इसलिएवापसज़मींपरगए
यादआयाकुछगिराथाटूटकर
बे-ख़ुदीमेंख़ुदसेकलटकरागए
हुर्मत-ए-लौह-ओ-क़लमजातीरही
किसतरहकेलोगअदबमेंगए
हमहैंमुजरिमआपमुल्ज़िमभीनहीं
आपकिसअंजामसेघबरागए
होगईहैशो'ला-ज़नहरशाख़-ए-गुल
बढ़रहेथेहाथजोथर्रागए
धँसगएजोरुकगएथेराहमें
देखतेथेमुड़केजोपथरागए
घरकीतन्हाईजबआँगनहोगई
येसितारेक्याक़यामतढागए
थेमुख़ातबजिस्मलहजेबे-शुमार
जाँ-बलबअरमाँ'ख़लिश'ग़ज़लागए
  - Badr-e-Alam Khalish
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