jism ko jeene ki aazaa | जिस्म को जीने की आज़ादी देती हैं

  - Amit Sharma Meet
जिस्मकोजीनेकीआज़ादीदेतीहैं
साँसेंहरपलहीक़ुर्बानीदेतीहैं
रातेंसारीकरवटमेंहीबीतरहीं
यादेंभीकितनीबेचैनीदेतीहैं
जोराहेंख़ुदमेंहीबे-मंज़िलसीहों
ऐसीराहेंनाकामीहीदेतीहैं
कैसेभीपरमुझकोकुछसपनेतोदें
आँखेंक्याकेवलबीनाईदेतीहैं
'मीत'मुझेअक्सररातोंमेंलगताहै
रूहेंमुझकोआवाज़ेंसीदेतीहैं
  - Amit Sharma Meet
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