gha | घड़ी भर मुस्कुराओ मुस्कुराओ

  - Alakh Niranjan
घड़ीभरमुस्कुराओमुस्कुराओ
हक़ीक़तभूलजाओभूलजाओ
नज़रपरकौंधतीजातीहैख़ुशियाँ
ग़मोंकीलौजलाओलौजलाओ
भटककरगयाथाख़्वाबकोई
इसेफिरढूँडलाओढूँडलाओ
ज़रासीचोटसेहोताहूँघाइल
जोचाहोआज़माओआज़माओ
ज़ेहनकेमुल्कमेंसूखापड़ाहै
कभीतोयादआओयादआओ
बड़ीहीना-तवाँधड़कनहैमेरी
इसेयूँँमतभगाओ,मतभगाओ
अभीतोरातनेकरवटबदलदी
'अलख़'तुमऔरगाओऔरगाओ
  - Alakh Niranjan
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