yoonhi mar mar ke jiein vaqt guzaare jaayen | यूँँही मर मर के जिएँ वक़्त गुज़ारे जाएँ

  - Ahmad Faraz
यूँँहीमरमरकेजिएँवक़्तगुज़ारेजाएँ
ज़िंदगीहमतिरेहाथोंसेमारेजाएँ
अबज़मींपरकोईगौतममोहम्मदमसीह
आसमानोंसेनएलोगउतारेजाएँ
वोजोमौजूदनहींउसकीमददचाहतेहैं
वोजोसुनताहीनहींउसकोपुकारेजाएँ
बापलर्ज़ांहैकिपहुँचीनहींबारातअबतक
औरहम-जोलियाँदुल्हनकोसँवारेजाएँ
हमकिनादानजुआरीहैंसभीजानतेहैं
दिलकीबाज़ीहोतोजीजानसेहारेजाएँ
तजदियातुमनेदर-ए-यारभीउकताके'फ़राज़'
अबकहाँढूँढनेग़म-ख़्वारतुम्हारेजाएँ
  - Ahmad Faraz
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