hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Sohit Singla
main main nahin raha hooñ tujhse laga ke dil ko
main main nahin raha hooñ tujhse laga ke dil ko | मैं मैं नहीं रहा हूँ तुझ सेे लगा के दिल को
- Sohit Singla
मैं
मैं
नहीं
रहा
हूँ
तुझ
सेे
लगा
के
दिल
को
जो
जो
भी
बन
गया
हूँ
हर
अक्स
वो
तिरा
है
- Sohit Singla
Download Sher Image
दोस्त
ने
दिल
को
तोड़
के
नक़्श-ए-वफ़ा
मिटा
दिया
समझे
थे
हम
जिसे
ख़लील
काबा
उसी
ने
ढा
दिया
Arzoo Lakhnavi
Send
Download Image
16 Likes
बन
कर
कसक
चुभती
रही
दिल
में
मिरे
इक
आह
थी
ऐ
हम–नफ़स
मेरे
मुझे
तुझ
सेे
वफ़ा
की
चाह
थी
Dhiraj Singh 'Tahammul'
Send
Download Image
23 Likes
दिल
आज
शाम
से
ही
उसे
ढूँडने
लगा
कल
जिस
के
बा'द
कमरे
में
तन्हाई
आई
थी
Ammar Iqbal
Send
Download Image
32 Likes
तो
क्या
ये
हो
नहीं
सकता
कि
तुझ
से
दूर
हो
जाऊँँ
मैं
तुझ
को
भूलने
के
वासते
मजबूर
हो
जाऊँ
सुना
है
टूटने
पर
दिल
सभी
कुछ
कर
गुजरते
हैं
मुझे
भी
तोड़
दो
इतना
कि
मैं
मशहूर
हो
जाऊँ
Read Full
SHIV SAFAR
Send
Download Image
4 Likes
दिल
हारने
के
बाद
ही
आता
है
ये
सुख़न
अब
तक
किसी
ने
कोख
से
शायर
नहीं
जना
Anas Khan
Send
Download Image
9 Likes
जब
ज़रा
रात
हुई
और
मह
ओ
अंजुम
आए
बार-हा
दिल
ने
ये
महसूस
किया
तुम
आए
Asad Bhopali
Send
Download Image
21 Likes
कैसा
दिल
और
इस
के
क्या
ग़म
जी
यूँँ
ही
बातें
बनाते
हैं
हम
जी
Jaun Elia
Send
Download Image
153 Likes
हम
तो
कुछ
देर
हँस
भी
लेते
हैं
दिल
हमेशा
उदास
रहता
है
Bashir Badr
Send
Download Image
112 Likes
रात
यूँँ
दिल
में
तिरी
खोई
हुई
याद
आई
जैसे
वीराने
में
चुपके
से
बहार
आ
जाए
Faiz Ahmad Faiz
Send
Download Image
33 Likes
काम
अब
कोई
न
आएगा
बस
इक
दिल
के
सिवा
रास्ते
बंद
हैं
सब
कूचा-ए-क़ातिल
के
सिवा
Ali Sardar Jafri
Send
Download Image
23 Likes
Read More
जीने
का
इरादा
है
मगर
फिर
भी
कहीं
से
कोई
तो
इशारा
हो
मिरा
अज़्म
जवाँ
हो
Sohit Singla
Send
Download Image
5 Likes
है
ये
अफ़सोस
हम
तेरे
नहीं
क़ाबिल
चली
है
जान
पर
हम
अब
भी
मुतबादिल
Sohit Singla
Send
Download Image
2 Likes
उसे
तितली
गुलों
पर
प्यारी
लागे
मुझे
उसकी
ख़ुशी
हर
प्यारी
लागे
उसी
की
बात
है
सब
सुनने
वाली
निदा
यूँँ
शहद
से
तर
प्यारी
लागे
नहीं
कोई
शिकायत
तुम
सेे
ओ
यार
तिरा
जो
जी
वही
कर
प्यारी
लागे
Read Full
Sohit Singla
Download Image
3 Likes
चलो
करके
जिगर
इज़हार
करता
हूँ
सनम
कैसे
कहूँ
बस
प्यार
करता
हूँ
समझती
हो
मेरी
ख़ामोशी
भी
तुम
तो
बिना
ही
बात
तुमको
ख़्वार
करता
हूँ
मुहब्बत
बढ़ती
है
झगड़े
लड़ाई
से
कभी
तुमको
तभी
बेज़ार
करता
हूँ
Read Full
Sohit Singla
Download Image
3 Likes
मता'-ए-ज़ीस्त
मेरी
है
सनम
आलम
का
सरमाया
फ़क़त
तेरा
ही
होकर
रहने
में
सबका
ख़सारा
है
Sohit Singla
Send
Download Image
3 Likes
Read More
Bahadur Shah Zafar
Vishal Bagh
Sarvat Husain
Shahzad Ahmad
Hafeez Banarasi
Unknown
Krishna Bihari Noor
Khalid Nadeem Shani
Shahid Zaki
Abbas Tabish
Get Shayari on your Whatsapp
Insaan Shayari
Husn Shayari
Tamanna Shayari
Friendship Shayari
Birthday Shayari