hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Pritam sihag
yuñ to likh loonga apne aap hi meri kahaanii main
yuñ to likh loonga apne aap hi meri kahaanii main | यूँँ तो लिख लूँगा अपने आप ही मेरी कहानी मैं
- Pritam sihag
यूँँ
तो
लिख
लूँगा
अपने
आप
ही
मेरी
कहानी
मैं
हो
इन
में
नाम
गर
अपनों
के
भी
शामिल
तो
क्या
होता
- Pritam sihag
Download Sher Image
ये
तुम
रोज़
किस
दरिया
में
बह
रहे
हो
ये
दिल
ख़ाली
है,
तुम
कहाँ
रह
रहे
हो
ये
मैं
हूँ
कि
ग़म
में
लिखे
जा
रहा
हूँ
वो
कहते
हैं
अच्छी
ग़ज़ल
कह
रहे
हो
Read Full
Pritam sihag
Send
Download Image
6 Likes
मैं
किसी
दिन
दूर
कर
दूँगा
उसे
अय्यारी
से
उड़ती
हैं
कटकर
पतंगे
अपनी
ही
आजादी
से
इश्क़
में
ढेरों
ग़ज़ल
मैंने
लिखी
महबूब
पर
अब
दिखा
दूँ
सारी
की
सारी
मगर
हुश्यारी
से
घोर
अंधेरें
में
इक
गुमनाम
दीपक
सा
हूँ
मैं
इक
अजब
सी
रौशनी
फैलेगी
इस
ख़ामोशी
से
Read Full
Pritam sihag
Download Image
5 Likes
रिवीज़न
सौ
दफ़ा
कर
के
था
मैं
आया
क़िताबों
के
मैं
पर्चे
भी
बना
लाया
मैं
बैठा
इश्क़
के
इस
इम्तिहाँ
में
जब
तो
पेपर
ही
सिलेबस
से
परे
आया
Read Full
Pritam sihag
Send
Download Image
2 Likes
अंतर
है
ये
रिश्ता
रखने
और
निभाने
में
हर
कोई
नहीं
जल
सकता
दीप
जलाने
में
Pritam sihag
Send
Download Image
6 Likes
जानते
हो
तुम
सच्चे
इश्क़
की
रवानी
क्या
मरने
भर
से
पूरी
हो
जाती
है
कहानी
क्या
मेरी
इन
सफलताओं
से
उदास
हैं
वो
सब
उनको
ये
नहीं
दिखती
काँटों
की
निशानी
क्या
क्यूँँ
उदास
रहते
हो
साफ़
साफ़
कह
दो
ये
अबकी
बार
भी
वो
बातें
नहीं
निभानी
क्या
अपने
प्यारे
से
क्यूँँ
तुम
सारे
दिन
झगड़ते
हो
आपको
ये
कश्ती
तट
पर
नहीं
लगानी
क्या
Read Full
Pritam sihag
Download Image
5 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Mehboob Shayari
Deshbhakti Shayari
Violence Shayari
Zulm Shayari
Hindustan Shayari