dilon ke darmiyaañ jis vaqt ye zam | दिलों के दरमियाँ जिस वक़्त ये ज़माना पड़ा

  - Om awasthi
दिलोंकेदरमियाँजिसवक़्तयेज़मानापड़ा
दयार-ए-इश्कसेबाहरनिकलकेआनापड़ा
किसीकोहक़थाजहाँचाहेरास्ताबदले
किसीकोउम्रतलकराब्तानिभानापड़ा
पसीनाहमनेबहाएाजंगसेपहले
तभीतोहमकोलहूजंगमेंबहानापड़ा
कोईसमझतामेरेदिलकीकैफ़ियतउसपल
तुम्हाराअक्सरह-ए-दिलसेजबमिटानापड़ा
किसेख़बरकीसुकूँकीतलाशमेंहमको
हयात-ए-फ़ानीमेंकितनोसेदिललगानापड़ा
  - Om awasthi
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