hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Meem Alif Shaz
mehfil se uthne ke bhi aadaab hua karte hain
mehfil se uthne ke bhi aadaab hua karte hain | महफ़िल से उठने के भी आदाब हुआ करते हैं
- Meem Alif Shaz
महफ़िल
से
उठने
के
भी
आदाब
हुआ
करते
हैं
जाने
से
पहले
सब
की
बातें
भी
सुना
करते
हैं
- Meem Alif Shaz
Download Sher Image
तेरे
होते
हुए
महफ़िल
में
जलाते
हैं
चराग़
लोग
क्या
सादा
हैं
सूरज
को
दिखाते
हैं
चराग़
Ahmad Faraz
Send
Download Image
25 Likes
फिर
आज
यारों
ने
तुम्हारी
बात
की
फिर
यार
महफ़िल
में
मिरी
खिल्ली
उड़ी
Harsh saxena
Send
Download Image
6 Likes
कम
अज़
कम
इक
ज़माना
चाहता
हूँ
कि
तुम
को
भूल
जाना
चाहता
हूँ
ख़ुदारा
मुझ
को
तन्हा
छोड़
दीजे
मैं
खुल
कर
मुस्कुराना
चाहता
हूँ
सरासर
आप
हूँ
मद्दे
मुक़ाबिल
ख़ुदी
ख़ुद
को
हराना
चाहता
हूँ
मेरे
हक़
में
उरूस-ए-शब
है
मक़्तल
सो
उस
से
लब
मिलाना
चाहता
हूँ
ये
आलम
है,
कि
अपने
ही
लहू
में
सरासर
डूब
जाना
चाहता
हूँ
सुना
है
तोड़ते
हो
दिल
सभों
का
सो
तुम
से
दिल
लगाना
चाहता
हूँ
उसी
बज़्म-ए-तरब
की
आरज़ू
है
वही
मंज़र
पुराना
चाहता
हूँ
नज़र
से
तीर
फैंको
हो,
सो
मैं
भी
जिगर
पर
तीर
खाना
चाहता
हूँ
चराग़ों
को
पयाम-ए-ख़ामुशी
दे
तेरे
नज़दीक
आना
चाहता
हूँ
Read Full
Kazim Rizvi
Send
Download Image
6 Likes
तुम
हुस्न
की
ख़ुद
इक
दुनिया
हो
शायद
ये
तुम्हें
मालूम
नहीं
महफ़िल
में
तुम्हारे
आने
से
हर
चीज़
पे
नूर
आ
जाता
है
Sahir Ludhianvi
Send
Download Image
50 Likes
मैं
तुझे
बज़्म
में
लाऊँगा
मेरी
जान
मगर
लोग
जब
दूसरे
चेहरों
पे
फ़िदा
हो
जाएँ
Ashu Mishra
Send
Download Image
50 Likes
शोर
की
इस
भीड़
में
ख़ामोश
तन्हाई
सी
तुम
ज़िन्दगी
है
धूप
तो
मद-मस्त
पुर्वाई
सी
तुम
चाहे
महफ़िल
में
रहूँ
चाहे
अकेले
में
रहूँ
गूँजती
रहती
हो
मुझ
में
शोख़
शहनाई
सी
तुम
Read Full
Kunwar Bechain
Send
Download Image
49 Likes
महफ़िल
में
तेरी
यूँँ
ही
रहे
जश्न-ए-चरागाँ
आँखों
में
ही
ये
रात
गुज़र
जाए
तो
अच्छा
Sahir Ludhianvi
Send
Download Image
37 Likes
हमीं
जब
न
होंगे
तो
क्या
रंग-ए-महफ़िल
किसे
देख
कर
आप
शरमाइएगा
Jigar Moradabadi
Send
Download Image
17 Likes
पहले
थोड़ी
मुश्किल
होगी
आगे
लेकिन
मंज़िल
होगी
सब
बाराती
शायर
होंगे
मेरी
शादी
महफ़िल
होगी
Read Full
Tanoj Dadhich
Send
Download Image
57 Likes
मैं
ने
आबाद
किए
कितने
ही
वीराने
'हफ़ीज़'
ज़िंदगी
मेरी
इक
उजड़ी
हुई
महफ़िल
ही
सही
Hafeez Banarasi
Send
Download Image
32 Likes
Read More
अदालत
का
ये
चेहरा
तो
नहीं
था
यहाँ
पे
ज़ुल्म
गहरा
तो
नहीं
था
सभी
को
थी
मोहब्बत
मज़हबों
से
किसी
मज़हब
को
ढाया
तो
नहीं
था
Read Full
Meem Alif Shaz
Send
Download Image
0 Likes
तुझ
को
जाना
है
तो
जा
सकता
है
फिर
से
मेरे
दिल
को
दुखा
सकता
है
लेकिन
याद
रहे
जाने
से
पहले
दिल
में
कोई
और
भी
आ
सकता
है
Read Full
Meem Alif Shaz
Send
Download Image
0 Likes
दोपहर
में
ज़ुल्फ़ें
मत
खोला
करो
शाम
ढलने
का
गुमाँ
हो
जाता
है
Meem Alif Shaz
Send
Download Image
0 Likes
तेरे
अंदर
नहीं
नुक़्स
कोई
अभी
पैसों
के
ज़ोम
से
दूर
रहना
मगर
Meem Alif Shaz
Send
Download Image
0 Likes
हम
को
उम्र
से
ख़तरा
ही
ख़तरा
है
सिर
से
पैरों
तक
ज़ख़्मी
कर
देगी
Meem Alif Shaz
Send
Download Image
0 Likes
Read More
Vishal Singh Tabish
Iftikhar Arif
Jaleel Manikpuri
Haseeb Soz
Abhishar Geeta Shukla
Ibn E Insha
Nazeer Banarasi
Muneer Niyazi
Iftikhar Naseem
Iqbal Ashhar
Get Shayari on your Whatsapp
Paani Shayari
Sabr Shayari
Nazara Shayari
Aasman Shayari
Muskurahat Shayari