ye kuchh badlaav sa achha laga hai | ये कुछ बदलाव सा अच्छा लगा है

  - Shariq Kaifi
येकुछबदलावसाअच्छालगाहै
हमेंइकदूसराअच्छालगाहै
समझनाहैउसेनज़दीकजाकर
जिसेमुझसाबुराअच्छालगाहै
येक्याहरवक़्तजीनेकीदुआएँ
यहाँऐसाभीक्याअच्छालगाहै
सफ़रतोज़िंदगीभरकाहैलेकिन
येवक़्फ़ासाज़राअच्छालगाहै
मिरीनज़रेंभीहैंअबआसमाँपर
कोईमहव-ए-दुआअच्छालगाहै
हुएबर्बादजिसकेइश्क़मेंहम
वोअबजाकरज़राअच्छालगाहै
वोसूरजजोमिरादुश्मनथादिनभर
मुझेढलताहुआअच्छालगाहै
कोईपूछेतोक्याबतलाएँगेहम
किइसमंज़रमेंक्याअच्छालगाहै
  - Shariq Kaifi
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy