धूपथीसहराथालेकिनजिस्मकासायानथा
आदमीइससेज़ियादातोकभीतन्हानथा
खींचतेथेअपनीजानिबरेगज़ारोंकेसराब
दूरतकसहरामेंलेकिनआबकाक़तरानथा
एकमुबहमख़्वाबथाआँखोंमेंऔरदिलमेंजुनूँ
ज़ेहनमेंलेकिनइमारतकाकोईनक़्शानथा
भीड़थीबस्तीमेंलेकिनमैंकिसेपहचानता
इतनेलोगोंमेंकिसीभीशख़्सकाचेहरानथा
इसक़दरशिद्दतसेवोदरियासमुंदरसेमिला
अबसमुंदरहीसमुंदरथाकहींदरियानथा
घरकीअज़्मतहाएजिसदीवारसेमहफ़ूज़थी
घरकेदरवाज़ेपेअबवोटाटकापर्दानथा
वोग़ज़लअपनीसजाताथालहूकेरंगसे
फिरभीकहतेहैं'नफ़स'उसकाकोईपेशानथा