जिसबज़्ममेंतूनाज़सेगुफ़्तारमेंआवे
जाँकालबद-ए-सूरत-ए-दीवारमेंआवे
साएकीतरहसाथफिरेंसर्वओसनोबर
तूइसक़द-ए-दिलकशसेजोगुलज़ारमेंआवे
तबनाज़-ए-गिराँमाइगी-ए-अश्कबजाहै
जबलख़्त-ए-जिगरदीदा-ए-ख़ूँ-बारमेंआवे
देमुझकोशिकायतकीइजाज़तकिसितमगर
कुछतुझकोमज़ाभीमिरेआज़ारमेंआवे
उसचश्म-ए-फ़ुसूँ-गरकाअगरपाएइशारा
तूतीकीतरहआइनागुफ़्तारमेंआवे
काँटोंकीज़बाँसूखगईप्याससेयारब
इकआबला-पावादी-ए-पुर-ख़ारमेंआवे
मरजाऊँनक्यूँँरश्कसेजबवोतन-ए-नाज़ुक
आग़ोश-ए-ख़म-ए-हल्क़ा-ए-ज़ुन्नारमेंआवे
ग़ारत-गर-ए-नामूसनहोगरहवस-ए-ज़र
क्यूँँशाहिद-ए-गुलबाग़सेबाज़ारमेंआवे
तबचाक-ए-गरेबाँकामज़ाहैदिल-ए-नालाँ
जबइकनफ़सउलझाहुआहरतारमेंआवे
आतिश-कदाहैसीनामिराराज़-ए-निहाँसे
ऐवाएअगरमा'रिज़-ए-इज़हारमेंआवे
गंजीना-ए-मअ'नीकातिलिस्मउसकोसमझिए
जोलफ़्ज़कि'ग़ालिब'मिरेअशआ'रमेंआवे