shab-e-dard-o-gham se arsa mire jee pe tang tha | शब-ए-दर्द-ओ-ग़म से अर्सा मिरे जी पे तंग था

  - Meer Taqi Meer
शब-ए-दर्द-ओ-ग़मसेअर्सामिरेजीपेतंगथा
आयाशब-ए-फ़िराक़थीयारोज़-ए-जंगथा
कसरतमेंदर्द-ओ-ग़मकीनिकलीकोईतपिश
कूचाजिगरकेज़ख़्मकाशायदकितंगथा
लायामिरेमज़ारपेउसकोयेजज़्ब-ए-इश्क़
जिसबे-वफ़ाकोनामसेभीमेरेनंगथा
देखाहैसैद-गामेंतिरेसैदकाजिगर
बाआनकाछिनरहाथापेज़ौक़-ए-ख़दंगथा
दिलसेमिरेलगातिरादिलहज़ारहैफ़
येशीशाएकउम्रसेमुश्ताक़-ए-संगथा
मतकरअजबजो'मीर'तिरेग़ममेंमरगया
जीनेकाइसमरीज़केकोईभीढंगथा
  - Meer Taqi Meer
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