khulii laashon ka qabrastaan ban ke | खुली लाशों का क़ब्रिस्तान बन के

  - Madhuvan Rishi Raj
खुलीलाशोंकाक़ब्रिस्तानबनके
बहुतचुपहैज़मींवीरानबनके
शरीक़-ए-मजलिस-ए-दरवेशहोकर
तिरेदरजाएँगेमेहमानबनके
हैयेख़ूँकीनदीतख़्लीक़तेरी
कहाँतूचलदियाअंजानबनके
यहाँपरआगहैमेरीलगाई
किहूँशर्मिंदामैंइंसानबनके
  - Madhuvan Rishi Raj
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