main teri nigah men ik chaman tha | मैं तेरी निगह में इक चमन था

  - Kalidas Gupta Raza
मैंतेरीनिगहमेंइकचमनथा
येहुस्न-ए-नज़रथाहुस्न-ए-ज़नथा
पक्काथाजोमनकाख़स्ता-तनथा
वोक़ैसकहाँथाकोहकनथा
मख़मूरसीहोरहीथींआँखें
रुझान-ए-गुनाहज़ौ-फ़गनथा
दुनियामक़्तलबनीथीऔरदिल
अपनेहीख़यालमेंमगनथा
ग़म-ख़ानाहोकेरहगयाहै
वोलफ़्ज़जोमाबद-ए-सुख़नथा
उड़ताफिरताग़ुबारहर-सू
येदश्त-ए-रवाँकभीचमनथा
कहनेकोतोमरचुकीथीख़्वाहिश
बाक़ीमगरउसकाबाँकपनथा
फ़नकारथेहमथेकफ़न-कश
ज़िंदोंकेलिएहमाराफ़नथा
क्यारूहदमकदमकउठीथी
कुंदनसाख़यालकाबदनथा
गोहोंट'रज़ा'केसिलगएथे
ख़ा
मेंकीज़बाँसेनग़्मा-ज़नथा
  - Kalidas Gupta Raza
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