ik naya karb mire dil men janam leta hai | इक नया कर्ब मिरे दिल में जनम लेता है

  - Hafiz Taib
इकनयाकर्बमिरेदिलमेंजनमलेताहै
क़ाफ़िलादर्दकाकुछदेरजोदमलेताहै
रंगपाताहैमिरेख़ून-ए-जिगरसेगुल-ए-शे'र
सब्ज़ा-ए-फ़िक्रमिरीआँखसेनमलेताहै
आबरूहक़्क़-ओ-सदाक़तकीबढ़ादेताहै
जबभीसुक़रातकोईसाग़र-ए-समलेताहै
रातकेसाएमेंशबनमकेगुहरढलतेहैं
रातकीकोखसेख़ुर्शीदजनमलेताहै
ज़ेहनबे-नामधुँदलकोंमेंभटकजाताहै
आजफ़नकारजोहाथोंमेंक़लमलेताहै
जिसकोहोदौलत-ए-एहसासमुयस्सर'ताइब'
चैनवोकार-गह-ए-ज़ीस्तमेंकमलेताहै
  - Hafiz Taib
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