tabdeeliyon ki raah pe chalne to de mujhe | तब्दीलियों की राह पे चलने तो दे मुझे

  - Hafeez Shahid
तब्दीलियोंकीराहपेचलनेतोदेमुझे
ख़ुदकोबदलरहाहूँबदलनेतोदेमुझे
बच्चानहींहूँमैंजोभटकजाऊँगाकहीं
तन्हारह-ए-हयातमेंचलनेतोदेमुझे
जलताहुआचराग़अगरहैमिरावजूद
फिरअपनेदिलकेताक़मेंजलनेतोदेमुझे
गरमेरीदस्तरसमेंनहींआसमाँकाचाँद
महताब-सूरतोंसेबहलनेतोदेमुझे
बनजाऊँगाकिरनतिरीसुब्ह-ए-जमालकी
तूअपनेरंगरूपमेंढलनेतोदेमुझे
बार-ए-ग़म-ए-हयातउठालूँगाऔरभी
इंक़िलाब-ए-दहरसँभलनेतोदेमुझे
दमतोड़देंगीख़ुदहीपुरानीरिवायतें
आईन-ए-मुल्क-ए-शौक़बदलनेतोदेमुझे
मिलजाएगामुझेभीउजालोंकारास्ता
ज़िंदान-ए-तीरगीसेनिकलनेतोदेमुझे
  - Hafeez Shahid
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