dil ka har ek daagh charaaghaan se kam nahin | दिल का हर एक दाग़ चराग़ाँ से कम नहीं

  - Hafeez Shahid
दिलकाहरएकदाग़चराग़ाँसेकमनहीं
मेरीख़िज़ाँभीफ़स्ल-ए-बहाराँसेकमनहीं
इसमेंहैख़ून-ए-दिलकासमुंदरछुपाहुआ
आँखोंमेंएकअश्कभीतूफ़ाँसेकमनहीं
यादोंमेंहैंगुलाबसेचेहरेसजेहुए
शहर-ए-ख़यालकूचा-ए-जानाँसेकमनहीं
हैख़ाकपरनशिस्तफ़लकपरउड़ानहै
मेरीज़मींभीतख़्त-ए-सुलैमाँसेकमनहीं
जीनेकाहौसलाभीमुयस्सरहोजिसे
उसकीसहरभीशाम-ए-ग़रीबाँसेकमनहीं
निकलेकिसीकीयादमेंआँसूजोआँखसे
मेरेलिएवोला'ल-ए-बदख़्शाँसेकमनहीं
आँखोंकेसामनेहैंमनाज़िरअजीबसे
येजागनाभीख़्वाब-ए-परेशाँसेकमनहीं
'शाहिद'फ़िराक़-ए-यादमेंयेदिलकाहालहै
वीरानियोंमेंदश्त-ओ-बयाबाँसेकमनहीं
  - Hafeez Shahid
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