वोआग़ोशजिसमेंपले
औरपलकरजवाँहमहुएहैं
उसेछोड़नेकीतदाबीरकरनेमेंमसरूफ़ऐसेहुएहैं
किज़िंदाँसेक़ैदीरिहाईकीराहोंकी
ता'मीरकरनेमेंमशग़ूलहोतेहैंजैसे
वोआग़ोशजिसमेंजवाँहमहुएहैं
उसेछोड़करदूरजानेकेएहसाससे
जोख़ुशीमिलरहीहै
किसीभीतरहइससेकमतरनहींहै
जोज़िंदाँसेबाहरनिकलनेमेंमहसूसहोतीहैज़िंदानियोंको
ख़ुशकायेएहसास
ऐसानहींकिफ़क़तएकहमतकहीमहदूदहो
येख़ुशीघरकेदीवार-ओ-दरमेंभीघरकरगईहै
माँबहनबापभाईभीगर्दनउठाएहुए
अपनेहम-सायोंसेकहतेफिरतेनज़रआरहेहैं
किमेराक़मरभीअरबजारहाहै
शरीक-ए-सफ़रकीरगोंमेंभीख़ुशियाँउछलनेलगीहैं
वोरातोंकीसबलज़्ज़तेंभूलकर
जानेवालेकीतय्यारियोंमें
बड़ेचावसेमुंहमिकहोगईहै
अजबजाँ-फ़िज़ाहैयेहिजरतकामंज़र
मगरयेरिवायतहै
मक्केसेयसरिबकोजातेहुए
मुस्तफ़ाऔरसारेसहाबीबहुतरोरहेथे
वतनकीमोहब्बतइन्हेंरोकतीथी
जुदाईजिगरमेंतबरभौंकतीथी
वोहिजरतकामंज़रबड़ाजाँ-गुसिलथा
मगरआजहिजरतकामंज़रबदलसागयाहै
येमंज़रतोसच-मुचबड़ाजाँ-फ़िज़ाहै
मगरऐसाक्यूँँहुआहै
यहाँतोमज़ालिमकीवोसख़्तियाँभीनहींहैं