khwaahishein apni saraabo men na rakhe koi | ख़्वाहिशें अपनी सराबों में न रक्खे कोई

  - Ghani Ejaz
ख़्वाहिशेंअपनीसराबोंमेंरक्खेकोई
इनहवाओंकोहबाबोंमेंरक्खेकोई
चंदलम्होंकायेजीनाहैग़नीमतजानो
ज़िंदगीअपनीअज़ाबोंमेंरक्खेकोई
आजहरफ़र्दहैइकहसरत-ए-ताबीरलिए
अबख़यालातकोख़्वाबोंमेंरक्खेकोई
कामतहक़ीक़केउनवाँपेबढ़ेगाकैसे
गरसवालोंकोजवाबोंमेंरक्खेकोई
येभीक्याज़िदहैकिकाँटोंकोमहकनेदीजे
या'नीख़ुशबूकोगुलाबोंमेंरक्खेकोई
नेकियाँकितनीहैं'एजाज़'हिसार-ए-दिलमें
ख़ूबियाँहोंतोख़राबोंमेंरक्खेकोई
  - Ghani Ejaz
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