zindagi se umr-bhar tak chalne ka vaa'da kiya | ज़िंदगी से उम्र-भर तक चलने का वा'दा किया

  - Gautam Rajrishi
ज़िंदगीसेउम्र-भरतकचलनेकावा'दाकिया
मिरीकम्बख़्तसाँसोहाएतुमनेक्याकिया
इब्तिदा-ए-होशसेअच्छा-भलापत्थरथामैं
इकनज़रबसदेखकरतूनेमुझेदरियाकिया
एकबसख़ामोशसेलम्हेकीख़्वाहिशहीतोथी
औरउसीख़्वाहिशनेलेकिनशोरफिरकितनाकिया
लुत्फ़अबदेनेलगीहैयेउदासीभीमुझे
शुक्रियातेराकितूनेजोकियाअच्छाकिया
सोचताहूँकौनसेइल्ज़ामऔरअबरहगए
हाँतुझेचाहातुझेपूजातिरासज्दाकिया
दीनहींतस्वीरअपनीतूनेदीवानेकोजब
यूँँकियावल्लाहउसनेख़ुदकोहीतुझसाकिया
कबतलकआख़िरयेसहतीरहतीख़्वाबोंकीतपिश
तंगकरनींदनेपलकोंसेलोतौबाकिया
  - Gautam Rajrishi
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