दूसरोंकीआँखलेकरभीपशेमानीहुई
अबभीयेदुनियाहमेंलगतीहैपहचानीहुई
अश्ककीबे-रंगखेतीमुद्दतोंमेंलहलहाई
पहलेकितनाक़हतथाअबकुछफ़रावानीहुई
ख़ुदकोहमपहचानपाएयेबहुतअच्छाहुआ
जिस्मकेहैजानमेंरूहोंकीउर्यानीहुई
मैंतोइकख़ुशबूकाझोंकातेरेदामनकाहीथा
बू-ए-गुलसेआमिलाक्यूँँतुझकोहैरानीहुई
उसकाबाज़ार-ए-हवसमेंक़दर-दाँहीकौनथा
जिंस-ए-दिलकीफिरयहाँक्यूँँइतनीअर्ज़ानीहुई