yuñ vahshat-e-junoon se bachaaya gaya mujhe | यूँँ वहशत-ए-जुनूँ से बचाया गया मुझे

  - Dinesh Kumar Drouna
यूँँवहशत-ए-जुनूँसेबचायागयामुझे
ख़ल्वतसेदूरभीड़मेंलायागयामुझे
चश्माहटाकेशहरघुमायागयामुझे
जोथानहींवोसबभीदिखायागयामुझे
मैंथाबुज़ुर्गपेड़साआँगनकेबीचमें
सोदेखतागयाजोदिखायागयामुझे
इकहादसेमेंजलकेमिरीमौतहोगई
मैंजलचुकाथाफिरभीजलायागयामुझे
मक़्सदथाउनकालूटनामुझकोजुएमेंसो
पहले-पहलतोयूँँहीजतायागयामुझे
मैंथाचराग़औरमिरामेआ'रदेखने
सूरजकीरौशनीमेंजलायागयामुझे
  - Dinesh Kumar Drouna
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