mere armaanon ko paamaal-e-ziyaan rahne bhi de | मेरे अरमानों को पामाल-ए-ज़ियाँ रहने भी दे

  - Baldev Raaj
मेरेअरमानोंकोपामाल-ए-ज़ियाँरहनेभीदे
शौक़-ए-मंज़िलकोशरीक-ए-कारवाँरहनेभीदे
वा'दा-ओ-पैमान-ए-उल्फ़तकोदेलफ़्ज़ोंकारंग
दर्दसेलबरेज़नालोंकोजवाँरहनेभीदे
देखमुझकोहसरत-आलूदानिगाहोंसेदेख
येफ़ुसूँयेशोख़अंदाज़-ए-बयाँरहनेभीदे
हाइल-ए-उल्फ़तअगरहैज़िंदगीकीकश्मकश
ज़िंदगीकीकश्मकशकोदरमियाँरहनेभीदे
मैंजहाँहूँजिसतरहहूँख़ूबहूँदिल-शादहूँ
हासिल-ए-उल्फ़तहैंयेबर्बादियाँरहनेभीदे
वोगुज़िश्ताऐश-ओ-इशरतवोनशात-ए-ज़िंदगी
ख़्वाबथाइसख़्वाबकीरंगीनियाँरहनेभीदे
दोस्तमजबूर-ए-वफ़ाहोकरखादिलकाफ़रेब
ज़िंदगीपरकामरानीकागुमाँरहनेभीदे
नक़्श-ए-ग़मकोक्यूँमिटातीहैदिल-ए-ग़मगीनसे
येमिरीख़ूनींबहारेंबे-ख़िज़ाँरहनेभीदे
  - Baldev Raaj
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