रंज-ए-ना-आसूदगीकर्ब-ए-हुनरदेखेगाकौन
नक़्श-ए-फ़र्यादीहैकिसकादीदा-वरदेखेगाकौन
जुम्बिश-ए-लबहीसेखुलजाएगामा'नीकाभरम
उसकेहर्फ़-ना-शनीदाकाअसरदेखेगाकौन
अपनीदुनियातकरखोमहदूदपरवाज़ेंअभी
नीलगूँपहनाइयोंमेंबाल-ओ-परदेखेगाकौन
अपनेकमरेकाकोईगुल-दानख़ालीक्यूँँरहे
फूलकाग़ज़केसजालोसूँघकरदेखेगाकौन
इकखिलौनातोड़करचलतीबनीपागलहवा
अबयेरेज़ारेज़ापैकरजोड़करदेखेगाकौन
कितनीतहज़ीबोंकामदफ़नहैहमारीज़िंदगी
जगमगाएशहरमेंलेकिनखंडरदेखेगाकौन