aashufta-nawaai se apni duniya ko jagaata jaata hooñ | आशुफ़्ता-नवाई से अपनी दुनिया को जगाता जाता हूँ

  - Amjad Najmi
आशुफ़्ता-नवाईसेअपनीदुनियाकोजगाताजाताहूँ
दीवानाहूँदीवानोंकोमैंहोशमेंलाताजाताहूँ
उम्मीदकीशमएँरहरहकरमैंदिलमेंजलाताजाताहूँ
जबजलचुकतीहैंयेशमएँफिरसबकोबुझाताजाताहूँ
तुमदेखरहेहोमयख़ानेमेंजुरअत-ए-रिंदानामेरी
मैंख़ुदभीपीताजाताहूँतुमकोभीपिलाताजाताहूँ
तकमील-ए-मोहब्बतकरताहूँकुछगर्मीसेकुछनर्मीसे
आहेंभीभरताजाताहूँआँसूभीबहाताजाताहूँ
बे-कारसहीनालेमेरेबे-सूदसहीआहेंमेरी
मैंउनकीनिगाहोंमेंलेकिनफिरभीतोसमाताजाताहूँ
हाँसाज़-ए-शिकस्तामेंमेरेनग़्मोंकातलातुमपिन्हाँहै
शोरीदा-नवाईसेअपनीमहफ़िलपरछाताजाताहूँ
मैंसई-ए-मुसलसलकरकेभीमंज़िलसेकोसोंदूररहा
मंज़िलमिलीतोक्याहैमगरअपनेकोपाताजाताहूँ
उम्मीद-ए-वफ़ाकेपेश-ए-नज़रमैंउनकीजफ़ाएँभूलगया
हैमुस्तक़बिलपरआँखमिरीमाज़ीकोभुलाताजाताहूँ
क़ुदरतभीमुहय्याकरतीहैअबमेरेलिएइबरतकेसबक़
हरगामपेठोकरखाताहूँऔरहोशमेंआताजाताहूँ
'नजमी'येख़मोशीभीमेरीकुछवज्ह-ए-सुकून-ए-दिलहुई
मैंज़ब्त-ए-फ़ुग़ाँसेदर्दकोअपनेऔरबढ़ाताजाताहूँ
  - Amjad Najmi
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