घुटनभीदेखरहीहैमुझेहैरानीसे
कहींमैंऊबहीजाऊँनउसजवानीसे
सज़ा-ए-मौतनहींउम्र-क़ैदकाटोगे
येहुक्मआहीगयादिलकीराजधानीसे
ज़रासाइश्क़कियाऔरअबयेहालतहै
वोबहरहाहैरगोंमेंअजबरवानीसे
उदासियोंमेंभीशिकवाभलाकरेंकिससे
बचाहैकौनमोहब्बतमेंराएगानीसे
कभीकभीतोमुझेख़ुदपेहँसीआतीहै
मुझेयेइश्क़हुआभीतोइकदिवानीसे
मैंकोशिशोंमेंहूँइकजिस्मकोबनानेकी
हवासेआगसेमिट्टीसेऔरपानीसे
उदासहोचुकाकिरदारचीख़करबोला
मुझेनिकालदोअबइसदुखीकहानीसे