laash ki tarah ho chuka hooñ main | लाश की तरह हो चुका हूँ मैं

  - Amit Satpal Tanwar
लाशकीतरहहोचुकाहूँमैं
जानेकिसतरहजीरहाहूँमैं
ख़ुदकेअंदरहीक़ैदहोबैठा
अपनेपिंजरेमेंहीपड़ाहूँमैं
सिर्फ़यादेंमिलेंगीकमरेमें
अबयहाँसेचलागयाहूँमैं
कौनमुझकोघुमातारहताहै
किसकीउँगलीपेनाचताहूँमैं
मैंजोमंज़िलपेख़ुदनहींपहुँचा
उसीमंज़िलकारास्ताहूँमैं
आँसूमेरीहँसीउड़ातेहै
मुस्कुराहटपेरोलियाहूँमैं
ज़हरयूँँहीपिएगाअबमुझको
हुआयूँँज़हरपीचुकाहूँमैं
रूहसेकुछख़रीदनाहैमुझे
जिस्मकोसाँसेंबेचताहूँमैं
खोदियारौशनीमेंअपनावजूद
अबअँधेरोंमेंढूँढताहूँमैं
मेरेपीछेकोईरोएगा
मौतकेसाथजारहाहूँमैं
  - Amit Satpal Tanwar
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