saba ki baat sunen phool se kalaam karen | सबा की बात सुनें फूल से कलाम करें

  - Altaf Parwaz
सबाकीबातसुनेंफूलसेकलामकरें
बहारआएतोहमभीजुनूँमेंनामकरें
कोईरेतकाटीलासाया-दारदरख़्त
रह-ए-वफ़ामेंमुसाफ़िरकहाँक़यामकरें
क़दमक़दमपेमिलेबोलतेहुएपत्थर
तुम्हीबताओकिअबकिससेहमकलामकरें
महकउड़ातीहुईआईहैनसीम-ए-बहार
कहोअबअहल-ए-चमनसेकिफ़िक्र-ए-दामकरें
हमारीराहमेंदीवारबनगईदुनिया
तुम्हारेशहरमेंकिसकिसकोहमसलामकरें
वोजिनकेदमसेज़मानेकेख़्वाबरंगींहैं
हमारीनींदभीकरकभीहरामकरें
धुआँधुआँसीफ़ज़ाशहर-ए-दिलकीहै'पर्वाज़'
नएचराग़जलानेकाइंतिज़ामकरें
  - Altaf Parwaz
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