aankhoñ se meri aaj to barsaat ho gaii | आँखों से मेरी आज तो बरसात हो गई

  - Altaf Ahmad Aazmi
आँखोंसेमेरीआजतोबरसातहोगई
अच्छाहुआकिग़मकीमुदारातहोगई
पत्थरउठाकेलायाहूँहाथोंमेंदेखलो
अबक्याकहूँकिकिससेमुलाक़ातहोगई
आँखोंसेएकक़तरालहूकागिरसका
येज़िंदगीतोनज़्र-ए-ख़ुराफ़ातहोगई
अफ़्सानादिलकाकहसकाउनसेमैंकभी
हरबातवक़्फ़-ए-हुस्न-ए-मुदारातहोगई
कैसाअजीबसानेहा'अहमद'गुज़रगया
सूरजनिकलरहाथामगररातहोगई
  - Altaf Ahmad Aazmi
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