ghaflat men soya ab tilak phir hovega hoshyaar kab | ग़फ़लत में सोया अब तिलक फिर होवेगा होश्यार कब

  - Alimullah
ग़फ़लतमेंसोयाअबतिलकफिरहोवेगाहोश्यारकब
यारीलगायाख़ल्क़सूँपावेगाअपनायारकब
झूटीमोहब्बतबाँधकरग़ाफ़िलरहाअपनेसूँहैफ़
बुलबुलहूँसँपड़ादाममेंदेखेगाफिरगुलज़ारकब
येख़्वाब-ओ-ख़ुरफ़रज़ंद-ओ-ज़नऔरमाल-ओ-ज़रज़िंदाँहुआ
तोछूटकरइसक़ैदसूँहासिलकरेदीदारकब
हिर्स-ओ-हवाबुग़्ज़-ओ-हसदकिब्र-ओ-मनीबुख़्लजहल
इसरह-ज़नानसूँबाचकरहोवेगाबर-ख़ुरदारकब
इसनफ़्स-ए-काफ़िर-कशकीख़सलततुझेमालूमनहीं
गरक़त्लकीतानहींउसेतुझकोमिलेदिलदारकब
बिनपीरपहुँचानहींकभीकुइसाहिल-ए-मक़्सूदको
मल्लाहबिनकश्तीकहींहोतीहैदरियापारकब
बर-हक़'अलीमुल्लाह'कहारबक़ौलयहदी-मैं-यशा
जन्नतकेतालिबकोकहोआवेनज़रदीदारकब
  - Alimullah
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