hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Ali Mohammed Shaikh
mohabbat to kab ki fana ho chuki hai
mohabbat to kab ki fana ho chuki hai | मोहब्बत तो कब की फ़ना हो चुकी है
- Ali Mohammed Shaikh
मोहब्बत
तो
कब
की
फ़ना
हो
चुकी
है
जो
ज़िंदा
है
हर
सू
वो
मैं
और
तू
है
- Ali Mohammed Shaikh
Download Sher Image
अदब
वाले
अदब
की
महफ़िलें
पहचान
लेते
हैं
उन्हें
तुम
प्यार
से
कुछ
भी
कहो
वो
मान
लेते
हैं
जहाँ
तक
देख
सकते
हैं
वहाँ
तक
सुन
नहीं
सकते
मगर
जब
इश्क़
हो
जाए
तो
धड़कन
जान
लेते
हैं
Read Full
Hameed Sarwar Bahraichi
Send
Download Image
28 Likes
इश्क़
को
पूछता
नहीं
कोई
हुस्न
का
एहतिराम
होता
है
Asrar Ul Haq Majaz
Send
Download Image
51 Likes
शहर-वालों
की
मोहब्बत
का
मैं
क़ायल
हूँ
मगर
मैंने
जिस
हाथ
को
चूमा
वही
ख़ंजर
निकला
Ahmad Faraz
Send
Download Image
33 Likes
होगा
किसी
दीवार
के
साए
में
पड़ा
'मीर'
क्या
रब्त
मोहब्बत
से
उस
आराम-तलब
को
Meer Taqi Meer
Send
Download Image
19 Likes
मेरी
तन्हाई
देखेंगे
तो
हैरत
ही
करेंगे
लोग
मोहब्बत
छोड़
देंगे
या
मोहब्बत
ही
करेंगे
लोग
Ismail Raaz
Send
Download Image
133 Likes
मेरा
किरदार
मेरी
बात
कहाँ
सुनता
है
ये
समझदार
मेरी
बात
कहाँ
सुनता
है
इश्क़
है
वादा-फ़रामोश
नहीं
है
कोई
दिल
तलबगार
मेरी
बात
कहाँ
सुनता
है
Read Full
Vishal Singh Tabish
Send
Download Image
66 Likes
मैं
दौड़
दौड़
के
ख़ुद
को
पकड़
के
लाता
हूँ
तुम्हारे
इश्क़
ने
बच्चा
बना
दिया
है
मुझे
Liaqat Jafri
Send
Download Image
34 Likes
ये
मोहब्बत
के
महल
तामीर
करना
छोड़
दे
मैं
भी
शहज़ादा
नहीं
हूँ
तू
भी
शहज़ादी
नहीं
Afzal Khan
Send
Download Image
35 Likes
मुझे
पहले
पहल
लगता
था
ज़ाती
मसअला
है
मैं
फिर
समझा
मोहब्बत
क़ायनाती
मसअला
है
परिंदे
क़ैद
हैं
तुम
चहचहाहट
चाहते
हो
तुम्हें
तो
अच्छा
ख़ासा
नफ़सयाती
मसअला
है
Read Full
Umair Najmi
Send
Download Image
85 Likes
तू
मोहब्बत
नहीं
समझती
है
हम
भी
अपनी
अना
में
जलते
हैं
इस
दफा
बंदिशें
ज़ियादा
हैं
छोड़
अगले
जनम
में
मिलते
हैं
Read Full
Ritesh Rajwada
Send
Download Image
54 Likes
Read More
ज़रा
ज़रा
सी
बात
पे
यूँ
इल्तेफात
रखोगे
बताओं
कैसे
उम्र
भर
का
तालुकात
रखोगे
Ali Mohammed Shaikh
Send
Download Image
6 Likes
नज़र,
अब
ख़्वाब
से
आँखों
की
कुछ
बनती
नहीं
आती
कई
दिन
से
पड़ोसी
छत
पे
वो
लड़की
नहीं
आती
यही
आदत
तग़ाफ़ुल
की
बुरी
लगती
तुम्हारी
है
इधर
हम
याद
करते
है,
उधर
हिचकी
नहीं
आती
Read Full
Ali Mohammed Shaikh
Send
Download Image
2 Likes
बुरा
कहा
न
बुराई
का
ऐतिराफ़
किया
इसी
अदा
ने
सभी
को
मिरे
ख़िलाफ़
किया
बशर
ने
यूँँ
भी
अक़ीदे
से
इख़्तिलाफ़
किया
ज़रूरी
दिल
था
मगर
चेहरे
को
ही
साफ़
किया
सुना
दी
हम
ने
अदालत
को
इस
तरह
से
सज़ा
मिली
रिहाई
गुनाहों
का
ऐतिराफ़
किया
Read Full
Ali Mohammed Shaikh
Download Image
0 Likes
ऐसे
शगुफ्ता
रंग
गुज़िश्ता
कभी
न
था
मैं
फूल
था
मगर
तेरे
दर
का
कभी
न
था
इतना
तेरे
दयार
से
मुझको
अता
हुआ
इतना
नसीब
ने
मेरे
सोचा
कभी
न
था
Read Full
Ali Mohammed Shaikh
Send
Download Image
0 Likes
देख
रहे
हो
ख़ामोशी
जो
तूफ़ानों
का
इशारा
है
अब
जो
साथ
मुसीबत
में
है
वो
ही
दोस्त
हमारा
है
Ali Mohammed Shaikh
Send
Download Image
0 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Doctor Shayari
Partition Shayari
Aasra Shayari
Raqs Shayari
Life Shayari