तिरीजबींपेमिरीसुब्हकासिताराहै
तिरावजूदमिरीज़ातकाउजालाहै
हरीफ़-ए-परतव-ए-महताबहैजमालतिरा
कुछऔरलगताहैदिलकशजोदूरहोताहै
मिरेयक़ीनकीमासूमियतकोमतटोको
मिरीनिगाहमेंहरनक़्शइकतमाशाहै
नज़रतोआएकोईराहज़िंदगानीकी
तमामआलम-ए-इम्काँग़ुबार-ए-सहराहै
नआरज़ूसेखुलाहैनजुस्तुजूसेखुला
येहुस्न-ए-राज़जोहरशयमेंकार-फ़रमाहै
ग़म-ए-हयातरहाहैहमारागहवारा
येहमसेपूछदिल-ए-दर्दआश्नाक्याहै
चराग़लेकेउसेढूँडनेचलाहूँमैं
जोआफ़्ताबकीमानिंदइकउजालाहै
जोहमकोभूलगएउनकोयादक्यूँँकीजे
तमामरातकोईचुपकेचुपकेकहताहै
कहाँकहाँलिएफिरतीहैज़िंदगीअबतक
मैंउसजगहहूँजहाँधूपहैनसायाहै