band honton se bhi izhaar-e-tamannaa karte | बंद होंटों से भी इज़्हार-ए-तमन्ना करते

  - Akhtar Azad
बंदहोंटोंसेभीइज़्हार-ए-तमन्नाकरते
आइनाबनकेतिरेहुस्नकोदेखाकरते
अपनासायाभीयहाँग़ैरनज़रआताहै
अजनबीशहरमेंहमकिसपेभरोसाकरते
उसकीमहफ़िलमेंतोइकभीड़थीदीवानोंकी
पहलेदिलअहल-ए-नज़रअहल-ए-वफ़ाक्याकरते
इश्क़हरहालमेंपाबंद-ए-वफ़ाहोताहै
हमतोबदनामथेक्यूँँआपकोरुस्वाकरते
इतनीगुज़रीहैजहाँऔरगुज़रजाएगी
ज़िंदगीकेलिएइतनानहींसोचाकरते
जबतलकसाँसचलेबसयूँँहीचलतेरहिए
चलकेदो-चारक़दमयूँँनहींठहराकरते
ख़ुदाहमतिरीवहदतपेयक़ींरखतेहैं
क्यूँँतिरेदरकेसिवाहमकहींसज्दाकरते
  - Akhtar Azad
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