मैंतख़य्युलकीसलीबोंपेजोमस्लूबहुआ
फिरकहींजाकेज़रासाहिब-ए-उसलूबहुआ
जुरआ'-ए-अश्कपियामस्तहुआरक़्सकिया
ऐसाकड़वानमिरीजाँकोईमशरूबहुआ
तेरेहरजाई-पनेकायेहुआरद्द-ए-अमल
मुझेमहबूबमिलाहैनतुझेख़ूबहुआ
बर-सर-ए-तूरभीतूनेयेतहय्युरबाँटा
दीदकीजोतजगाईवहींमहजूबहुआ
लज़्ज़त-ए-वस्लमेंनिकलाहूँबयाबानोंकीसम्त
लोगपागलहैंमुझेकहतेहैंमज्ज़ूबहुआ
एकअर्ज़ीपेमुझेदेस-निकालाकीनवेद
इतनीउजलतसेतोइबलीसनमा'तूबहुआ
निकहत-ए-वस्लसेलौटआतीहैआँखोंकीचमक
वैसेरौशनतोनहींदीदा-ए-याक़ूबहुआ