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Afzal Sultanpuri
sikandar jeet kar haara hua tha
sikandar jeet kar haara hua tha | सिकंदर जीत कर हारा हुआ था
- Afzal Sultanpuri
सिकंदर
जीत
कर
हारा
हुआ
था
इधर
ये
प्यार
का
मारा
हुआ
था
- Afzal Sultanpuri
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जिसे
मंज़िल
बताया
जा
रहा
था
वो
रस्ते
के
सिवा
कुछ
भी
नहीं
है
Atul K Rai
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इस
आरज़ी
दुनिया
में
हर
बात
अधूरी
है
हर
जीत
है
ला-हासिल
हर
मात
अधूरी
है
Ambreen Haseeb Ambar
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धोखा
है
इक
फ़रेब
है
मंज़िल
का
हर
ख़याल
सच
पूछिए
तो
सारा
सफ़र
वापसी
का
है
Rajesh Reddy
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ये
आँसू
ढूँडता
है
तेरा
दामन
मुसाफ़िर
अपनी
मंज़िल
जानता
है
Asad Bhopali
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मंज़िलें
क्या
हैं,
रास्ता
क्या
है
हौसला
हो
तो
फ़ासला
क्या
है
Aalok Shrivastav
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अच्छी
लड़की
ज़िद
नहीं
करते
देखो
इश्क़
बुरा
होता
है
Ali Zaryoun
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चिलचिलाती
धूप
है
और
पैर
में
चप्पल
नहीं
जिस्म
घाइल
है
मगर
ये
हौसला
घाइल
नहीं
Tanoj Dadhich
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जँचने
लगा
है
दर्द
मुझे
आपका
दिया
बर्बाद
करने
वाले
ने
ही
आसरा
दिया
कल
पहली
बार
लड़ने
की
हिम्मत
नहीं
हुई
मुझको
किसी
के
प्यार
ने
बुजदिल
बना
दिया
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Kushal Dauneria
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मुझे
दुश्मन
से
भी
ख़ुद्दारी
की
उम्मीद
रहती
है
किसी
का
भी
हो
सर
क़दमों
में
सर
अच्छा
नहीं
लगता
Javed Akhtar
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जीत
भी
लूँ
गर
लड़ाई
तुम
से
मैं
तो
क्या
मिलेगा
हाथ
में
दोनों
के
बस
इक
टूटा
सा
रिश्ता
मिलेगा
कर
के
लाखों
कोशिशें
गर
जो
बचा
भी
लूँ
मैं
रिश्ता
तो
नहीं
फिर
मन
हमारा
पहले
के
जैसा
मिलेगा
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Ankit Maurya
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कभी
ऐसी
हिमाक़त
हो
न
जाए
हमें
फिर
से
मोहब्बत
हो
न
जाए
रहूॅंगा
अब
इबादत
में
हमेशा
कोई
हम
सेे
कुदूरत
हो
न
जाए
चटाई
से
हटेंगे
किस
तरह
से
कि
जब
तक
ये
इमामत
हो
न
जाए
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Afzal Sultanpuri
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जिस
तरह
ये
उस
तरफ़
से
रोज़
ही
ख़त
आ
रहे
क्या
मिलेगा
सोच
कर
हम
लोग
ये
बतला
रहे
Afzal Sultanpuri
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चाल
चलना
उसे
नहीं
आता
हाथ
मलना
मुझे
नहीं
आता
Afzal Sultanpuri
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दिल
मिरी
न
माने
क्यूँ
रोज़
बदल
जाता
है
ये
ठोकर
खाता
है
और
सँभल
जाता
है
Afzal Sultanpuri
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पहले
से
बाद
हो
गया
हूँ
मैं
मर
के
आज़ाद
हो
गया
हूँ
मैं
इश्क़
था
यार
मैं
कभी
जिसका
उसकी
अब
याद
हो
गया
हूँ
मैं
ख़ैर
तुम
बात
को
नहीं
समझे
क़ैस
फ़रहाद
हो
गया
हूँ
मैं
बद्दुआ
काम
आ
गई
उसकी
देख
बर्बाद
हो
गया
हूँ
मैं
सैकड़ों
लोग
मारते
पत्थर
सबकी
फ़रियाद
हो
गया
हूँ
मैं
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Afzal Sultanpuri
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