bichhadkar kya bataaun kya raha hooñ main | बिछड़कर क्या बताऊँ क्या रहा हूँ मैं

  - Aatish Alok
बिछड़करक्याबताऊँक्यारहाहूँमैं
रहीआधेमेंतुम,आधारहाहूँमैं
हैतेरीमर्ज़ीमानोंयामानोंतुम
तेरीख़ातिरग़ज़लकहतारहाहूँमैं
तेराहोकर,मैंतेराहोनहींपाया
सोख़ुदकोतुमबनानेजारहाहूँमैं
हुआहूँख़ुशतेरेआमदसेवरनातो
ख़ुशीऔररंज़मेंयकसारहाहूँमैं
इसीइकदिनकेख़ातिरहीतोमेरेदोस्त
कईरातोंकोदिनकरतारहाहूँमैं
  - Aatish Alok
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy